पाकिस्तानी F-16 गिराने वाले अभिनंदन वर्धमान ने छोड़ी वायुसेना! अब इस एयरलाइन में निभाएंगे पायलट की भूमिका

पाकिस्तानी F-16 गिराने वाले अभिनंदन वर्धमान ने छोड़ी वायुसेना! अब इस एयरलाइन में निभाएंगे पायलट की भूमिका

Abhinandan Varthaman: भारतीय वायुसेना के जांबाज अधिकारी ग्रुप कैप्टन अभिनंदन वर्धमान को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अभिनंदन ने भारतीय वायुसेना में अपनी सेवा समाप्त कर अब कमर्शियल एविएशन की दुनिया में कदम रखा है। बताया जा रहा है कि वह क्षेत्रीय एयरलाइन FLY91 से पायलट के तौर पर जुड़ गए हैं। अभिनंदन ने अगस्त 2026 में गोवा स्थित FLY91 में पायलट के तौर पर काम शुरू किया। हालांकि, एयरलाइन की ओर से उनकी नियुक्ति या भूमिका को लेकर आधिकारिक तौर पर विस्तृत जानकारी साझा नहीं की गई है।

FLY91 ने क्या कहा?

अभिनंदन वर्धमान के एयरलाइन से जुड़ने को लेकर FLY91 के प्रवक्ता ने टिप्पणी करने से इनकार किया है। प्रवक्ता के मुताबिक, कर्मचारियों से जुड़ी व्यक्तिगत जानकारी निजी मामला है। इसी वजह से अभिनंदन की नियुक्ति और एयरलाइन में उनकी जिम्मेदारी से संबंधित विस्तृत जानकारी फिलहाल सार्वजनिक नहीं की गई है।

बता दें कि FLY91 ने मार्च 2024 में अपनी कमर्शियल उड़ान सेवाएं शुरू की थीं। एयरलाइन  का उद्देश्य क्षेत्रीय कनेक्टिविटी बढ़ाने और छोटे शहरों को हवाई सेवा से जोड़ने पर है। इसका संचालन मुख्य रूप से गोवा और हैदराबाद से किया जाता है। वहीं एयरलाइन के बेड़े में ATR 72-600 विमान शामिल हैं। ये टर्बोप्रॉप विमान मुख्य रूप से कम दूरी की क्षेत्रीय उड़ानों के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं। ATR 72-600 में आमतौर पर करीब 70 यात्रियों के बैठने की क्षमता होती है।

2019 में पाकिस्तान के खिलाफ एयर कॉम्बैट से मिली पहचान

गौरतलब है कि ग्रुप कैप्टन अभिनंदन वर्धमान का नाम देशभर में उस समय चर्चा में आया था, जब फरवरी 2019 में भारत और पाकिस्तान के बीच हवाई टकराव हुआ था। 14 फरवरी 2019 को जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में CRPF के काफिले पर आतंकी हमला हुआ था। इस हमले में 40 CRPF जवान शहीद हुए थे। इसके जवाब में भारत ने 26 फरवरी 2019 को पाकिस्तान के बालाकोट में आतंकी ठिकानों पर एयरस्ट्राइक की थी।

इसके अगले दिन यानी 27 फरवरी को पाकिस्तान ने भारतीय सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने की कोशिश की। पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों की गतिविधि के बाद भारतीय वायुसेना ने भी अपने लड़ाकू विमान कार्रवाई के लिए भेजे। उस समय अभिनंदन श्रीनगर एयरफोर्स स्टेशन पर MiG-21 बाइसन स्क्वाड्रन में तैनात थे।

MiG-21 से पाकिस्तानी विमान का किया था पीछा

27 फरवरी 2019 को हुई हवाई कार्रवाई के दौरान अभिनंदन ने अपने मिग-21 बाइसन से पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों का सामना किया। भारत सरकार की ओर से जारी आधिकारिक प्रशस्ति-पत्र के अनुसार, उन्होंने चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में एक पाकिस्तानी विमान का पीछा किया और उसे मार गिराने में सफलता हासिल की।

इस हवाई संघर्ष के दौरान अभिनंदन का मिग-21 बाइसन भी मिसाइल की चपेट में आ गया। विमान को नुकसान पहुंचने के बाद उन्होंने इजेक्ट किया और पैराशूट के जरिए पाकिस्तान के इलाके में जा गिरे। विमान से इजेक्ट करने के बाद अभिनंदन को पाकिस्तान की सेना ने हिरासत में ले लिया था। और करीब तीन बाद यानी 1 मार्च 2019 को अभिनंदन वर्धमान को अटारी-वाघा सीमा के रास्ते भारत लौटें। उनकी वापसी के दौरान बड़ी संख्या में लोग उनके स्वागत के लिए सीमा पर पहुंचे थे। अभिनंदन की कार्रवाई उस समय इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी गई क्योंकि उन्होंने पुराने MiG-21 बाइसन विमान से पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों का मुकाबला किया था।

2021 में मिला वीर चक्र

अभिनंदन वर्धमान को उनकी बहादुरी और कर्तव्य के प्रति असाधारण समर्पण के लिए साल 2021 में वीर चक्र से सम्मानित किया गया था। वीर चक्र भारत का युद्धकालीन तीसरा सर्वोच्च वीरता पुरस्कार है। सरकारी प्रशस्ति-पत्र में 27 फरवरी 2019 की हवाई कार्रवाई के दौरान अभिनंदन के साहस और दृढ़ता का उल्लेख किया गया था। उनके सामने चुनौतीपूर्ण परिस्थितियां थीं, इसके बावजूद उन्होंने पाकिस्तानी विमानों का मुकाबला किया। उनकी बहादुरी को देखते हुए उन्हें वीर चक्र से सम्मानित किया गया।

अभिनंदन वर्धमान भारतीय वायुसेना के फाइटर पायलट रहे हैं। 2019 की घटना के बाद भी उन्होंने अपनी सैन्य सेवा जारी रखी और वायुसेना में अपनी जिम्मेदारियां निभाईं। अब रिपोर्ट्स के मुताबिक, वायुसेना से विदाई के बाद उन्होंने नागरिक विमानन क्षेत्र में करियर की नई शुरुआत की है। FLY91 के साथ उनका जुड़ना इसलिए भी खास माना जा रहा है क्योंकि सैन्य विमान उड़ाने के लंबे अनुभव के बाद वह अब कमर्शियल एयरलाइन में पायलट के तौर पर अपनी सेवाएं दे सकते हैं। हालांकि, FLY91 ने उनकी नियुक्ति की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। एयरलाइन ने कर्मचारियों की व्यक्तिगत जानकारी का हवाला देते हुए इस मामले में टिप्पणी करने से इनकार किया है।

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